झुकी सरकार, लुधियाना ए.डी.सी.पी. का तबादला, कांग्रेसियों का धरना खत्म

  • झुकी सरकार, लुधियाना ए.डी.सी.पी. का तबादला, कांग्रेसियों का धरना खत्म

चंडीगढ़(भुल्लर): लुधियाना में दशहरे पर ‘चिट्टा रावण’ को जलाने को लेकर भिड़े अकाली और कांग्रेस नेता व कार्यकत्र्ताओं के मामले में सी.एम. आवास के बाहर 3 दिन से लगातार धरना दे रहे कांग्रेसी विधायकों के आगे सरकार आखिरकार झुक गई। कांग्रेस विधायकों की मांग मानते हुए शनिवार देर शाम सरकार ने लुधियाना के ए.डी.सी.पी. जसविंद्र सिंह का तबादला कर दिया। ए.डी.सी.पी. जसविंद्र सिंह को पंजाब पुलिस मुख्यालय चंडीगढ़ में रिपोर्ट करने को कहा गया है।
बता दें कि झगड़े के बाद पुलिस ने कई कांग्रेस नेताओं पर हत्या के प्रयास व अन्य कई संगीन धाराओं के तहत केस दर्ज किया था। इसी विरोध में कांग्रेसी नेता और विधायक सी.एम. आवास के बाहर धरनारत थे। कांग्रेसी पुलिस कमिश्रर के अलावा मुख्य तौर पर ए.डी.सी.पी. के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने धरने के पहले दिन तुरंत कार्रवाई करने से इन्कार किया था लेकिन मामले की जांच के लिए डी.जी.पी. सुरेश अरोड़ा को लुधियाना भेजा था। उन्होंने शनिवार को जांच पूरी करने के बाद मुख्यमंत्री को रिपोर्ट सौंपी। इसके आधार पर देर शाम यह तबादला हुआ।
शनिवार देर शाम डी.जी.पी. ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं व विधायकों सुखजिंद्र सिंह रंधावा, तृप्त राजिंद्र बाजवा तथा सुरिंद्र डाबर को बुलाकर उनसे बातचीत की। डी.जी.पी. ने कांग्रेस नेताओं पर दर्ज मामलों पर भी विचार करने की बात कही है और उन्हें बयान देने के लिए 17 अक्तूबर को बुलाया है। डी.जी.पी. की मीटिंग के बाद ही धरने का नेतृत्व कर रहे लुधियाना के सांसद रवनीत सिंह बिट्टू व विधायक दल के नेता चरणजीत सिंह चन्नी ने पार्टी के प्रदेश नेतृत्व से विचार करने के बाद धरना खत्म करने का फैसला लिया। हालांकि उन्होंने कहा कि आंदोलन जारी रखने के संकल्प के साथ धरना खत्म किया है। अब 18 अक्तूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लुधियाना पहुंचने पर कांग्रेसी ‘चिट्टे रावण’ का पुतला जलाएंगे।

Related posts